10वीं पास छात्रों के लिए सरकार की सौगात, रांची में शुरू होगी मुफ्त मेडिकल-इंजीनियरिंग कोचिंग, हॉस्टल की भी सुविधा

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रांची: झारखंड सरकार ने राज्य के अनुसूचित जनजाति, अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों के लिए एक बड़ी पहल की है। अब 10वीं पास विद्यार्थियों को मेडिकल और इंजीनियरिंग जैसे प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं की निःशुल्क कोचिंग दी जाएगी। इस योजना का संचालन कल्याण विभाग के अंतर्गत किया जाएगा, जिससे प्रदेश के हजारों मेधावी छात्रों को नया अवसर मिलेगा।

राज्य सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत रांची में स्थित पुराने कल्याण विभाग के भवन को कोचिंग सेंटर के रूप में विकसित किया जा रहा है। भवन के मजबूतीकरण का कार्य अपने अंतिम चरण में है और जल्द ही यहां पढ़ाई की शुरुआत कर दी जाएगी।

कोचिंग के साथ हॉस्टल और भोजन की व्यवस्था

कोचिंग लेने वाले विद्यार्थियों को हॉस्टल की भी सुविधा दी जाएगी। रहने, खाने और पढ़ाई का पूरा खर्च राज्य सरकार द्वारा उठाया जाएगा। यह योजना खासतौर पर उन छात्रों के लिए वरदान साबित होगी, जो आर्थिक तंगी के कारण निजी कोचिंग संस्थानों तक नहीं पहुंच पाते।

नामांकन की प्रक्रिया और पात्रता

इस कोचिंग सेंटर में शुरुआत में केवल 10वीं पास छात्रों का नामांकन किया जाएगा। चयनित छात्रों को 11वीं में भी नामांकन सरकार ही कराएगी। पहले चरण में कुल 300 अनुसूचित जनजाति वर्ग के छात्रों का चयन किया जाएगा। इसके लिए राज्य भर से आवेदन आमंत्रित किए जाएंगे और फिर एक प्रवेश परीक्षा के माध्यम से मेरिट लिस्ट बनाकर छात्रों का चयन किया जाएगा।

सूत्रों को माने तो इस वर्ष समय कम रहने के कारण 10वीं के मार्क्स के माध्यम से मेरिट बनाकर छात्रों का चयन किया जाएगा।

इतना ही नहीं, सरकार 12वीं पास छात्रों को भी इस योजना के दायरे में लाने पर विचार कर रही है, जिससे वे भी उच्चस्तरीय प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर सकें।

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CBSE और ICSE बोर्ड के छात्र भी होंगे शामिल

इस योजना का लाभ केवल JAC बोर्ड तक सीमित नहीं रहेगा। CBSE और ICSE बोर्ड के छात्रों को भी इस कोचिंग में अवसर मिलेगा। इससे यह स्पष्ट है कि सरकार इस योजना को सर्वसमावेशी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।

राष्ट्रीय स्तर की संस्थाओं को मिलेगा संचालन का जिम्मा

कोचिंग संचालन को गुणवत्तापूर्ण और प्रभावी बनाने के लिए सरकार इसे राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित कोचिंग संस्थानों को सौंपने की तैयारी में है। इसके लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और दिशा-निर्देशों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इससे कोचिंग की गुणवत्ता में और अधिक निखार आएगा।

दिल्ली में कल्याण मंत्री ने किया कोचिंग संस्थानों का दौरा

हाल ही में झारखंड के कल्याण मंत्री चमरा लिंडा ने दिल्ली में कई नामचीन कोचिंग संस्थानों का भ्रमण किया। उन्होंने वहां के छात्रों की सफलता दर और शिक्षकों की योग्यता का निरीक्षण किया ताकि झारखंड में इसी तर्ज पर गुणवत्तापूर्ण कोचिंग की व्यवस्था की जा सके।

पहले से चल रही योजनाओं को मिलेगा और बल

गौरतलब है कि इससे पूर्व भी स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग की ओर से मेडिकल, इंजीनियरिंग और CLAT जैसे परीक्षाओं की तैयारी के लिए कोचिंग का संचालन होता रहा है, जहां नामांकन के लिए JAC द्वारा प्रवेश परीक्षा ली जाती है। अब कल्याण विभाग की यह नई योजना राज्य के पिछड़े और वंचित वर्ग के छात्रों के लिए एक नई दिशा प्रदान करेगी।