जमुआ प्रखंड के बदडीहा-1 पंचायत में PDS दुकान की लचर व्यवस्था से लाभुक परेशान, अनाज कटौती की शिकायत भी सामने आई

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गिरिडीह: जमुआ प्रखंड के बदडीहा-1 पंचायत में संचालित जन वितरण प्रणाली (PDS) दुकान की अव्यवस्थित कार्यप्रणाली से ग्रामीण बेहद परेशान हैं। संचालक किरानी नारायण देव के दुकान पर तकनीकी समस्याओं के साथ अब राशन कटौती का गंभीर आरोप भी सामने आया है, जिसकी शिकायत कई लाभुकों ने की है।

बिजली कटते ही बंद हो जाती POS मशीन, फिंगरप्रिंट नहीं तो राशन नहीं

ग्रामीणों ने बताया कि दुकान पर लगी POS मशीन केवल बिजली रहने पर ही चलती है। बिजली कटते ही मशीन बंद हो जाती है और लाभुकों का बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट नहीं हो पाता।

इस कारण वे राशन लेने आते हैं लेकिन खाली हाथ वापस लौटना पड़ता है।

संचालक के अनुसार मशीन को 10 दिनों तक जिला कार्यालय में मरम्मत के लिए भेजा गया था, लेकिन पूरी तरह ठीक न होने पर वापस कर दिया गया। बैटरी बदलने के बाद भी मशीन बिजली पर ही निर्भर है।

लाभुकों का आरोप – हर महीने 2 किलो अनाज की कटौती

ग्रामीणों ने विभाग की निष्क्रियता पर सवाल उठाते हुए बताया कि कई महीनों से हर कार्डधारी के राशन से 2 किलो अनाज कम दिया जा रहा है।

👉 20 किलो मिलना चाहिए, लेकिन 18 किलो ही दिया जा रहा है।

लाभुकों के अनुसार कटौती का कारण भी स्पष्ट नहीं बताया जाता, न ही विभाग की ओर से कोई कार्रवाई की जा रही है।

ग्रामीणों की पीड़ा – “काम छोड़कर आते हैं, फिर भी राशन नहीं मिलता”

लाभुकों ने बताया कि उन्हें—

खेत-खलिहान और मजदूरी का काम छोड़कर दुकान आना पड़ता है

बिजली कटने पर घंटों इंतजार करना पड़ता है

कई बार मशीन पूरी तरह बंद रहती है

समय पर फिंगरप्रिंट नहीं होने से उनका मासिक राशन लेप्स हो जाता है

अब कटौती की समस्या ने उनकी परेशानी और बढ़ा दी है।

बिजली न होने पर दूसरे स्थान ले जानी पड़ती है मशीन

संचालक को बिजली नहीं रहने पर POS मशीन को उठाकर उन जगहों पर ले जाना पड़ता है, जहां इनवर्टर या बिजली उपलब्ध हो। यह व्यवस्था संचालक और ग्रामीण—दोनों के लिए बेहद असुविधाजनक ।

ग्रामीणों की मांगें

ग्रामीणों ने प्रशासन और विभाग से निम्नलिखित कदम उठाने की मांग की है—

POS मशीन की पूरी मरम्मत या नई मशीन उपलब्ध कराई जाए

बिजली कटने पर OTP आधारित विकल्प शुरू किया जाए

2 किलो अनाज कटौती की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए

लाभुकों को उनका पूरा हक बिना कटौती मिले

दुकान का नियमित निरीक्षण सुनिश्चित किया जाए