गिरिडीह | संवाददाता
झारखंड मुक्ति मोर्चा के महानगर उपाध्यक्ष नौशाद अहमद चांद के नेतृत्व में हुसैनी अंजुमन, स्टेशन रोड गिरिडीह में 6 रज्जब के मुबारक मौके पर लंगर का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में लोगों ने लंगर ग्रहण किया।
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नौशाद अहमद चांद ने कहा कि आज की तारीख हिंदुस्तान के इतिहास में बेहद अहम है। उर्दू तारीख के अनुसार 6 रज्जब को सूफी संत हजरत ख्वाजा गरीब नवाज (हजरत मोइनुद्दीन चिश्ती रहमतुल्लाह अलेह) के हिंदुस्तान आगमन को 814 वर्ष पूरे हो गए हैं, जिसे उर्स के रूप में मनाया जा रहा है। इस मौके पर अजमेर शरीफ में देश के विभिन्न शहरों से लाखों अकीदतमंद हाजिरी लगाते हैं और ख्वाजा साहब के दरबार में मत्था टेकते हैं।

उन्होंने कहा कि ख्वाजा गरीब नवाज ऐसे महान सूफी संत थे, जिनसे केवल एक धर्म ही नहीं बल्कि सभी धर्मों के लोग मोहब्बत रखते हैं।
झारखंड मुक्ति मोर्चा के महानगर उपाध्यक्ष नौशाद अहमद चांद
उनके दरबार में हर मजहब के लोग श्रद्धा और आस्था के साथ सलामी पेश करते हैं। 6 रज्जब के दिन उनके नाम पर लंगर, गरीबों में भोजन वितरण और खैरात करने की परंपरा है, जिसे पूरे देश में निभाया जाता है।

नौशाद अहमद चांद ने दुआ करते हुए कहा कि अल्लाह तआला हजरत ख्वाजा गरीब नवाज रज़ी अल्लाह तआला अन्हू के सदके हमारे मुल्क हिंदुस्तान को अमन और सुकून अता फरमाए, यहां के हर नागरिक को हर तरह की मुश्किलों और कठिनाइयों से महफूज रखे। उन्होंने विश्वास जताया कि जब तक ख्वाजा गरीब नवाज का मजार-ए-मुबारक इस सरजमीं पर कायम है, तब तक यह मुल्क हर तरह के हादसों से सुरक्षित रहेगा।

इस अवसर पर नौशाद अहमद चांद, सरफराज चांद, टिंकू खान, हाजी तंजील, राजन कुरैशी, कल्लू भाई, गुफरान, शाहिद और पप्पू सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

मैं अभिमन्यु कुमार पिछले चार वर्षों से गिरिडीह व्यूज में बतौर “चीफ एडिटर” के रूप में कार्यरत हुं,आप मुझे नीचे दिए गए सोशल मीडिया के द्वारा संपर्क कर सकते हैं।